नमस्कार ....!!आपका स्वागत है ....!!

नमस्कार ....!!आपका स्वागत है ....!!
नमस्कार ....!!आपका स्वागत है ....!!

25 March, 2013

हाइकु .....बसंत ......पर ......................!!

फाल्गुनी   रंग ......
निर्झर बहे धारा ...
मिले  किनारा ,,,,,






रंग बिरंगी ....
बसंत की सौगातें ...
फूलों की बातें ....













रंग गुलाबी ...
जब छाया बसंत ...
मन शराबी ....















बुन ले गुण ...
रंग झरे  बहार ....
भीगे  फागुन ....!!

















अलिखित है ....
जैसे मन की  प्रीत .....
जीवन गीत .....







ओ रे भ्रमर ...
मत गूँज इधर ...
पिया  न घर ... ....!!

32 comments:

  1. बहुत प्यारे हायकू और उतनी ही सुन्दर तस्वीरें...

    सादर
    अनु

    ReplyDelete
  2. ओ रे भ्रमर ...
    मत गूँज इधर ...
    पिया न घर ... ....!waah dil ki bat.....

    ReplyDelete
  3. परिवार सहित होली मुबारक हो !
    स्वस्थ रहें!

    ReplyDelete
  4. एक से बढ़ कर एक सार्थक सामयिक हाइकू ....
    बुन ले गुण ...
    रंग झरे बहार ....
    भीगे फागुन ....

    शुरू सगुन
    तन-मन बावरा
    सपना गुन !!

    ReplyDelete
    Replies
    1. बहुत सुन्दर.....आभार विभा जी ....!!

      Delete
  5. बहुत ही सुन्दर हाइकु है ...
    होली की शुभकामनाएँ...
    :-)

    ReplyDelete
  6. बहुत प्यारे हाइकु, चित्रों को बायीं ओर कर दिया करें, नहीं तो दो पंक्तियों के बीच आ जाते हैं।

    ReplyDelete
  7. बहुत सुन्दर प्रस्तुति!
    --
    रंगों के पर्व होली की बहुत-बहुत हार्दिक शुभकामंनाएँ!

    ReplyDelete
  8. सब एक से बढ़कर एक...अति मनमोहक
    होली की शुभकामनाएं ....

    ReplyDelete
  9. सुंदर भावपूर्ण सहजता से कही गयी गहरी बात
    बहुत बहुत बधाई
    होली की शुभकामनायें




    ReplyDelete
  10. बहुत उम्दा हाइकू ,,
    होली की बहुत बहुत शुभकामनाए,,,

    Recent post : होली में.

    ReplyDelete
  11. बहुत सुंदर हाइकु...शुभकामनायें

    ReplyDelete
  12. बहुत आभार राजेश जी .....

    ReplyDelete
  13. सुंदर प्रस्तुति

    ReplyDelete
  14. ओ रे भ्रमर ...
    मत गूँज इधर ...
    पिया न घर ..

    होली की शुभकामनायें
    सुंदर हाइकु

    ReplyDelete
  15. बसंत के रंगों से सराबोर हायकू मन को भिगो गए . इतने नयनाभिराम चित्र आप लगाती है की कविता पढने का आनद दुगुना हो जाता है .

    ReplyDelete
  16. मजेदार, होली पर्व की ढेरों शुभकामनाये !

    ReplyDelete
  17. अनुपम भाव संयोजित किये हैं आपने ...
    होलिकोत्‍सव की अनंत शुभकामनाएं

    ReplyDelete
  18. waah bahut bahut bahut sundar hai ...man rang gaya in mein :)holi mubarak

    ReplyDelete
  19. सार्थक से हाइकू.. कोमल से शब्द.. अभिव्यक्ति इतनी स्पष्ट की क्या कहने.. होली की शुभकामनाएँ!!

    ReplyDelete
  20. आप को होली की हार्दिक शुभकामनाएँ!!

    ReplyDelete
  21. होली की रंगों भरी शुभकामनायें >>>>>>

    ReplyDelete
  22. वाह अनु...बहुत ही प्यारे हाइकू ...:)
    तुम्हे भी दोस्ती की चाशनी में पगी ...प्यार के रंगों में रंगी...टेसू के फूलों सी महकती हुई
    होली की अशेष शुभकामनाएं .....:)

    ReplyDelete
  23. बहुत सुंदर भावपूर्ण अभिव्यक्ति । आपको और आपके पूरे परिवार को रंगों के त्योहार होली की शुभ कामनाएँ

    ReplyDelete

  24. ओ रे भ्रमर ...
    मत गूँज इधर ...
    पिया न घर ... ....!!
    बहुत सुन्दर विरह चित्र .सुन्दर चित्रमय हाइकू

    ReplyDelete
  25. सभी हाइकू बहुत अच्छे .....

    रंग गुलाबी ...
    जब छाया बसंत ...
    मन शराबी ....


    मन गुलाबी
    जब छाया बसंत ...
    हुआ शराबी ....:))

    ReplyDelete
    Replies
    1. आभार हरकीरत जी ...:))सच बात है बसंत मन पर छाये बिना मानता नहीं ....!!

      Delete
  26. अनुपमा जी, शब्दों और चित्रों के माध्यम से मन के बासंती भावों को बखूबी प्रस्तुत किया है आपने इस पोस्ट में..

    ReplyDelete
  27. हाइकु पसंद करने के लिए ...आभार आप सभी गुणी जानो का .....

    ReplyDelete
  28. हाइकु के साथ सुन्दर चित्र संयोजन आपकी कला को अलग आयाम दे रहा है .

    ReplyDelete
  29. एक से बढ़ कर एक बासन्ती हाइकु .... चित्र भी बहुत सुंदर

    ReplyDelete

नमस्कार ...!!पढ़कर अपने विचार ज़रूर दें .....!!